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bihar elecion 2020:आप कीजिए अपना ओपिनियन पोल (DIY)

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bihar elecion 2020:आप कीजिए अपना ओपिनियन पोल (DIY)

bihar election 2020
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बीते पांच साल में स्टेट इलेक्शन के जितने ओपिनियन पोल ( opinion poll) टीवी पर पेश किए गए हैं, उनमें दो बातें समान हैं-

हर ओपिनियन पोल में बीजेपी की सरकार बनती दिखाई गई है, जबकि 18 में से 16 चुनाव बीजेपी हारी है।

ज्यादातर ओपिनियन पोल कांटे की टक्कर दिखाते हैं, जबकि ज्यादातर राज्यों में त्रिशंकु की जगह पूर्ण बहुमत की सरकार बनती आई है।

मतलब ये कि ज्यादातर ओपिनियन पोल झूठे होते हैं और वोटर को प्रभावित करने की नीयत से किए गए प्रायोजित कार्यक्रम होते हैं, जो वास्तव में कभी वोटर को भटका नहीं पाते।

लेकिन आप चाहें तो आज के सोशल मीडिया के वर्चस्व वाले दौर में अपना खुद का ओपिनियन पोल कर सकते हैं। हम आपके लिए लेकर आए हैं ओपिनिन पोल का DIY(do it yourself ) गाइड

मिसाल के तौर पर …थोड़ी देर के लिए मान लेते हैं कि ट्विटर पर जितने लोग एक खास शख्सियत को लाइक कर रहे हैं वो दरअसल सिर्फ इनके ट्वीट    लाइक नहीं कर रहे, वो इन्हें वोट भी कर रहे हैं।

23  अक्टूबर को तेजस्वी यादव के ट्वीटर हैंडल पर कुल 7 ट्वीट हैं। आइए देखते हैं कुल कितने लोगों ने इन्हें लाइक किया है।

1

लाइक्स 3800

2

लाइक्स 5200

3

लाइक्स 31700

4

लाइक्स 14900

5

लाइक्स 3300  

6

लाइक्स 1200  

7

लाइक्स 28300

कुल वोट – 3800+5200+31700+14900+3300+1200+28300=88400

bihar election 2020

अब आइए देखते हैं 23  अक्टूबर को नीतीश कुमार के ट्वीटर हैंडल पर कुल कितने ट्वीट हैं और उन्हें कितने लोगों ने लाइक किया है।

1

लाइक्स 1700

2

लाइक्स 2800

3

कुल वोट –2800+1700=4500

bihar election 2020

मतलब ये कि अगर ट्वीट के लाइक को पैमाना माना जाए तो यहां तेजस्वी यादव को एक दिन के  सैंपल सर्वे में 88400 वोट मिले हैं, जबकि नीतीश कुमार को महज 4500 यानी करीब-करीब 17 गुना कम। यहां गौर करने वाली तीन बातें हैं

  1. ट्वीटर पर नीतीश कुमार के चाहने वाले या समर्थकों की कुल तादाद 60 लाख है, जबकि तेजस्वी के महज 26 लाख यानी आधे से भी कम।
  2. ट्वीटर की दुनिया में तेजस्वी के समर्थक  नीतीश कुमार के मुकाबले तादाद में आधे से भी कम होने के बावजूद अगर तेजस्वी के ट्वीट्स को कई गुना ज्यादा लाइक कर रहे हैं तो इसका मतलब ये है कि ट्वीटर का इस्तेमाल करने वालों के बीच चुनाव काल में तेजस्वी नीतीश से ज्यादा लोगों को पसंद आ रहे हैं।
  3. खबरों की दुनिया आज ट्वीटर में बसती है। अगर ट्वीटर पर तेजस्वी नीतीश से ज्यादा पॉपुलर हैं, तो इसका मतलब ये है कि तेजस्वी और आरजेडी का दायरा बिहार में  मुस्लिम, यादव परंपरागत वोट बैंक से आगे बढ़ गया है। अब इसमें राज्य का बौद्धिक तौर पर जागरूक समाज खास कर युवा भी जुड़ रहा है।
तो इस ओपिनियन पोल का रिजल्ट  ये है कि बिहार चुनाव में तेजस्वी और गठबंधन को प्रचंड बहुमत मिलने की संभावना है।    

अगर आप चाहें तो इसी तरह का सर्वे व्यक्ति की जगह पार्टी के ट्विटर हैंडल से जारी हुए ट्वीट को लाइक और रिट्वीट किए जाने से जोड़ कर देख  सकते हैं। आप पाएंगे कि जिस तरह तेजस्वी यादव नीतीश कुमार से कम फोलोअर होने के बावजूद  ज्यादा लोकप्रिय हैं, उसी तरह शायद आरजेडी भी जेडीयू से ज्यादा पॉपुलर है। ट्वीटर की तरह ही ये प्रयोग आप फेसबुक या यूट्यूब पर भी कर सकते हैं। अनुमान ये है कि जो व्यक्ति ट्विटर पर ज्यादा लाइक और रिट्वीट हो रहा है, वही फेसबुक पर ज्यादा शेयर और यूट्यूब पर ज्यादा लाइक हो रहा है।

ये भी देखें-

http://sh028.global.temp.domains/~hastagkh/8-reasons-why-nitish-is-not-going-to-be-the-next-cm-of-bihar/
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